आंसू पौछकर हंसाया है मुझे

आंसू पौछकर हंसाया है मुझे
मेरी गलती पर भी सीने से लगाया है मुझे
कैसे प्यार न हो ऐसे दोस्त से
जिसकी दोस्ती ने जीना सिखाया है मुझे

टिप्पणियाँ